दोस्ती वो होती है, जो हर मुश्किल में साथ खड़ी रहे,
जो पानी में गिरा हुआ आंसू भी पहचान लेती हैं
सच्ची दोस्ती किसी खजाने से कम नहीं होती,
एक दोस्त ही था जिसने उम्मीदों का दीप जलाया।
तो दोस्तों, मेरी रियासत में तुम्हारी तस्वीर के सिक्के चलते।
“तेरी दोस्ती फूलों सी महकती, हर लम्हा दिल को भाती।”
लेकिन अपनी जान का मोबाइल नंबर नहीं देते।
एक तू भी शामिल है मेरी कमज़ोरियों में।
हमें कोई ग़म नहीं था, ग़म-ए-आशिकी से पहले
“दोस्ती में दारू काम नहीं आती, बस दोस्त की पगड़ी बचानी पड़ती है।”
तेरे साथ तो मैं भी फ़ुल ड्रामेबाज़ बन जाती हूँ।
कभी तो कुछ अलग कर, वरना Dosti Shayari साथ तेरा नहीं होगा तैयार!
सच्चे दोस्त वो होते हैं, जो बिना कहे समझ जाते हैं,
वो दुनिया के किसी खजाने से भी नहीं मिलता है।